कंप्यूटर हार्डवेयर
एक माउस (अंग्रेजी में "Mouse") कंप्यूटर का एक इनपुट डिवाइस है। यह एक हाथ से पकड़ने वाला उपकरण है जिसका उपयोग कंप्यूटर स्क्रीन पर कर्सर (या पॉइंटर) को नियंत्रित करने और वस्तुओं का चयन करने के लिए किया जाता है।
इसके मुख्य कार्य और विशेषताएं इस प्रकार हैं:
- कर्सर नियंत्रण: माउस को हिलाने से स्क्रीन पर कर्सर उसी दिशा में चलता है।
- क्लिक करना: इसमें आमतौर पर दो या तीन बटन होते हैं (बायां, दायां और कभी-कभी मध्य)। इन बटनों का उपयोग किसी प्रोग्राम को खोलने, फाइल या फोल्डर का चयन करने, कमांड देने या संदर्भ मेनू खोलने के लिए किया जाता है।
- स्क्रॉल व्हील: अधिकांश आधुनिक माउस में एक स्क्रॉल व्हील होता है जो दस्तावेजों या वेब पेजों को ऊपर-नीचे करने में मदद करता है।
- कार्यप्रणाली: यह आमतौर पर अपनी निचली सतह पर एक सेंसर (ऑप्टिकल या लेजर) का उपयोग करके सतह पर अपनी गति को ट्रैक करता है, और इस जानकारी को कंप्यूटर तक पहुंचाता है।
सरल शब्दों में, माउस कंप्यूटर के साथ बातचीत करने और उसे निर्देश देने का एक महत्वपूर्ण साधन है।
आउटपुट डिवाइस वे उपकरण होते हैं जो कंप्यूटर से डेटा प्राप्त करते हैं और उसे ऐसे रूप में परिवर्तित करते हैं जिसे उपयोगकर्ता समझ सकें। यहां कुछ सामान्य आउटपुट डिवाइस के नाम दिए गए हैं:
- मॉनिटर (Monitor): यह सबसे आम आउटपुट डिवाइस है जो टेक्स्ट, ग्राफिक्स और वीडियो को विजुअल फॉर्म में प्रदर्शित करता है।
- प्रिंटर (Printer): यह डिजिटल डेटा को हार्ड कॉपी (कागज़ पर) में प्रिंट करता है। प्रिंटर कई प्रकार के होते हैं, जैसे इंकजेट, लेज़र, डॉट मैट्रिक्स आदि।
- स्पीकर (Speaker): यह कंप्यूटर से ऑडियो सिग्नल प्राप्त करता है और उसे ध्वनि (साउंड) के रूप में आउटपुट करता है।
- हेडफ़ोन (Headphones): स्पीकर्स के समान, लेकिन ये व्यक्तिगत सुनने के लिए होते हैं और सीधे उपयोगकर्ता के कानों पर फिट होते हैं।
- प्रोजेक्टर (Projector): यह कंप्यूटर से छवियों या वीडियो को एक बड़ी सतह (जैसे दीवार या स्क्रीन) पर प्रोजेक्ट करता है।
- प्लॉटर (Plotter): यह प्रिंटर के समान है लेकिन इसका उपयोग बड़े ग्राफिक्स, इंजीनियरिंग ड्राइंग्स, आर्किटेक्चरल ब्लूप्रिंट आदि को उच्च गुणवत्ता में प्रिंट करने के लिए किया जाता है।
- साउंड कार्ड (Sound Card): हालांकि यह सीधे एक बाहरी डिवाइस नहीं है, यह कंप्यूटर के भीतर ध्वनि उत्पन्न करने और उसे स्पीकर या हेडफ़ोन तक भेजने के लिए जिम्मेदार होता है।
रोम (ROM) का पूरा नाम है: रीड-ओनली मेमोरी (Read-Only Memory)।
यह एक प्रकार की कंप्यूटर मेमोरी है जिसमें डेटा स्थायी रूप से संग्रहीत होता है और जिसे सामान्य उपयोग के दौरान बदला या मिटाया नहीं जा सकता। इसका उपयोग कंप्यूटर या अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के स्टार्टअप निर्देश और फर्मवेयर को स्टोर करने के लिए किया जाता है।